महादेव सट्टा एप के मुख्य आरोपी सौरभ चंद्राकर की बढ़ीं मुश्किलें, कोर्ट ने सीबीआई को दी 8 दिन की रिमांड; 11 नवंबर तक होगी पूछताछ
रायपुर/ बहुचर्चित महादेव ऑनलाइन सट्टा एप मामले में मुख्य आरोपी सौरभ चंद्राकर की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। ओमान से भारत लाए गए सौरभ चंद्राकर को बुधवार को सीबीआई ने रायपुर की विशेष अदालत में पेश किया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने सीबीआई को आरोपी की 8 दिन की रिमांड सौंप दी। अब जांच एजेंसी 11 नवंबर तक उससे पूछताछ करेगी। रिमांड अवधि पूरी होने के बाद 12 नवंबर को उसे दोबारा अदालत में पेश किया जाएगा।सीबीआई को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान महादेव ऑनलाइन सट्टा एप के संचालन, आर्थिक लेनदेन, नेटवर्क और इस पूरे मामले से जुड़े कई अहम राज सामने आ सकते हैं। जांच एजेंसी आरोपी से सट्टा कारोबार के नेटवर्क और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका को लेकर भी पूछताछ कर सकती है।सौरभ चंद्राकर से पूछताछ को लेकर सीबीआई विशेष तैयारी कर रही है। सुरक्षा कारणों को ध्यान में रखते हुए जांच एजेंसी आरोपी को रायपुर के बजाय दिल्ली ले जाकर पूछताछ करने की तैयारी में है। माना जा रहा है कि केंद्रीय जांच एजेंसी उससे विस्तृत पूछताछ कर पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने का प्रयास करेगी। इस बीच प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भी सौरभ चंद्राकर की कस्टडी हासिल करने के लिए अदालत में आवेदन दाखिल कर रखा है। ऐसे में आने वाले दिनों में इस मामले में सीबीआई और ईडी दोनों की जांच महत्वपूर्ण होने वाली है। दोनों एजेंसियां अपने-अपने स्तर पर मामले से जुड़े वित्तीय और आपराधिक पहलुओं की जांच कर रही हैं।सौरभ चंद्राकर को भारत लाने की प्रक्रिया अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चली लंबी कानूनी कार्रवाई के बाद पूरी हुई। उसके खिलाफ जारी रेड कॉर्नर नोटिस के आधार पर 8 जुलाई 2026 को ओमान की रॉयल पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद सीबीआई और ईडी ने भारत सरकार के माध्यम से ओमान को उसके प्रत्यर्पण का औपचारिक प्रस्ताव भेजा था। इसके साथ ही भारतीय जांच एजेंसियों ने मामले से जुड़े दस्तावेज और कथित गड़बड़ियों के साक्ष्य भी ओमान पुलिस को उपलब्ध कराए थे। भारत सरकार की एजेंसियों, इंटरपोल और ओमान के अधिकारियों के बीच लगातार बातचीत तथा आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्रत्यर्पण को मंजूरी मिली।प्रत्यर्पण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद सीबीआई की टीम ओमान की राजधानी मस्कट पहुंची। वहां आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद जांच एजेंसी की टीम 1 नवंबर को सौरभ चंद्राकर को लेकर भारत पहुंची। भारत पहुंचने के बाद उससे पूछताछ की प्रक्रिया शुरू की गई। अब रायपुर की विशेष अदालत से 8 दिन की रिमांड मिलने के बाद सीबीआई को उससे विस्तार से पूछताछ करने का अवसर मिल गया है।महादेव ऑनलाइन सट्टा एप मामला लंबे समय से देश की जांच एजेंसियों के रडार पर है। इस मामले में ऑनलाइन सट्टेबाजी के कथित नेटवर्क, वित्तीय लेनदेन और इससे जुड़े लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है। सौरभ चंद्राकर से पूछताछ के दौरान जांच एजेंसी यह पता लगाने का प्रयास कर सकती है कि ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क का संचालन किस तरह होता था, इसमें किन लोगों की भूमिका थी और कथित तौर पर अर्जित रकम का लेनदेन किन माध्यमों से किया जाता था। फिलहाल सीबीआई की 8 दिन की रिमांड इस मामले में बेहद अहम मानी जा रही है। अब सबकी नजरें 11 नवंबर तक होने वाली पूछताछ और 12 नवंबर को अदालत में होने वाली अगली पेशी पर टिकी हैं। जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों से महादेव ऑनलाइन सट्टा एप मामले की कई महत्वपूर्ण कड़ियां उजागर हो सकती हैं।